रूसी ड्रोनों में भारतीय पुर्जों के इस्तेमाल का आरोप, उठे सवाल
कीवी । यूक्रेन ने आरोप लगाया है कि रूस-यूक्रेन युद्ध में इस्तेमाल हो रहे रूसी ड्रोनों में भारत में बने या असेंबल किए गए इलेक्ट्रॉनिक पुर्जे मिले हैं। यूक्रेन ने इस मुद्दे को भारत सरकार और यूरोपीय संघ के सामने भी उठाया है। रिपोर्ट्स के अनुसार, यूक्रेनी अधिकारियों ने जांच के दौरान ईरानी शहीद-136 ड्रोन में भारतीय कंपनियों के पुर्जे मिलने का दावा किया है। रूस इन ड्रोनों का इस्तेमाल यूक्रेन के खिलाफ कर रहा है।यूक्रेन के मुताबिक, दो भारतीय कंपनियों विशय इंटरटेक्नोलॉजी और ऑरा सेमीकंडक्टर के के इलेक्ट्रॉनिक पुर्जे ड्रोन में मिले हैं। इसमें से एक पुर्जा, विशय इंटरटेक्नोलॉजी का ब्रिज रेक्टिफायर ई300359, ड्रोन के वोल्टेज रेगुलेटर इकाई में लगा था। दूसरा पुर्जा, ऑरा सेमीकंडक्टर का पीएलएल वाला सिग्नल जनरेटर एयू5426ए चिप, ड्रोन के सैटेलाइट नेविगेशन सिस्टम में इस्तेमाल किया गया था। यूक्रेन का कहना है कि इन पुर्जों का इस्तेमाल शहीद-136 ड्रोन के निर्माण में किया जा रहा है। इस पूरे मामले में विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने इस मामले पर एक सवाल के जवाब में कहा कि भारत का दोहरे उपयोग वाली वस्तुओं का निर्यात परमाणु अप्रसार पर उसके अंतर्राष्ट्रीय दायित्वों के अनुरूप है। उन्होंने बताया कि भारत का एक मजबूत कानूनी और नियामक ढांचा है जो यह सुनिश्चित करता है कि वस्तुओं का निर्यात किसी भी कानून का उल्लंघन न करे। आरोप लगाने के बाद भी विशय इंटरटेक्नोलॉजी की ओर से कोई टिप्पणी नहीं आई है। ऑरा सेमीकंडक्टर के सह-संस्थापक ने कहा कि उनकी कंपनी यह सुनिश्चित करती है कि उनके उत्पादों का उपयोग वैध और नैतिक रूप से हो, और वे सभी लागू राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय निर्यात नियंत्रण कानूनों का पालन करते हैं। इस मामले पर नई दिल्ली स्थित यूक्रेनी दूतावास की ओर से कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है। हालाँकि, यूक्रेन की रक्षा खुफिया निदेशालय (एसयूआर) ने अपने सोशल मीडिया पर इन पुर्जों के बारे में जानकारी साझा की है।
गुवाहाटी में मानसून का कहर, जलभराव से लोगों की बढ़ी चिंता
EPFO ने शुरू किया ब्याज का भुगतान, आपके खाते में आया पैसा या नहीं ऐसे करें पता
क्या तेल की जंग ने बढ़ाई ईरान-सऊदी दूरी? सामने आई नई थ्योरी
NEET लीक केस में सुप्रीम कोर्ट का बड़ा संदेश- छात्रों के हित सर्वोपरि
भारत-जिम्बाब्वे दूसरा टी20 देखने से पहले जान लें मैच की टाइमिंग और बाकी जरूरी जानकारी
अतिक्रमण हटाने पर हाई कोर्ट सख्त, सरकार से पूछा- इच्छाशक्ति की कमी क्यों?
डॉलर की कमी से परेशान पाकिस्तान को चीन ने दी नई संजीवनी
'मोबाइल बन रहा माता-पिता का विकल्प', सुप्रीम कोर्ट ने बताई समाज की बड़ी चुनौती
जिस मगरमच्छ से दुनिया डरती थी, गांव वालों की आंखों का तारा था गंगाराम
छात्रों का फूटा गुस्सा, शिक्षकों की बर्खास्तगी और हॉस्टल की बदहाल व्यवस्था पर किया प्रदर्शन