Eddy Cue बनाम Craig Federighi: अधिग्रहण पर अंदरूनी मतभेद
व्यापार: दुनियाभर में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) तेज रफ्तार से अपना छाप छोड़ रहा है। ऐसे में दुनिया की दिग्गज टेक कंपनी एपल अब आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) की दौड़ में पिछड़ने के बाद इसे तेजी से पकड़ने की कोशिश में जुट गई है। मीडिया रिपोर्ट्स और सूत्रों के अनुसार, एपल ने फ्रांस कीएआई स्टार्टअप मिस्ट्रल और एआईएआई सर्च कंपनी पेरप्लेक्सिटी को खरीदने को लेकर आंतरिक स्तर पर बातचीत की है। कारण है कि गूगल और सैमसंग जैसी कंपनियों के मुकाबले एपल ने अपने डिवाइसों में एआई फीचर्स को धीरे-धीरे पेश किया है। यही वजह है कि एपल अब बड़े स्तर परएआई कंपनियों को खरीदने की रणनीति पर विचार कर रहा है।
सीईओ टिम कुक ने दिए संकेत
मीडिया रिपोर्ट की माने तो एपल के सीईओ टिम कुक ने पिछले महीने संकेत दिया था कि कंपनी अबएआई से जुड़ी बड़ी डील्स के लिए भी तैयार है, जबकि पहले वह अधिग्रहण (एम एंड ए) मामलों में काफी सतर्क रहा करता था। बता दें कि मिस्ट्रल एआई को Nvidia का समर्थन प्राप्त है और इसकी वैल्यूएशन हाल ही में $6 बिलियन से अधिक हो गई थी। एक रिपोर्ट के मुताबिक, मिस्ट्रल अब $10 बिलियन वैल्यूएशन पर नया फंड जुटाने की तैयारी में है।
वहीं दूसरी ओर, पेरप्लेक्सिटी को एमाजन अमेजन के संस्थापक जेफ बेजोस और Nvidia से फंडिंग मिली है। हालांकि, पेरप्लेक्सिटी ने कहा है कि उन्हें किसी भी अधिग्रहण की जानकारी नहीं है, सिवाय उनकी खुद की खरीद प्रक्रियाओं के।
क्या कहती हैं कंपनियां?
बात अगर इस मामले में कंपनयों के स्टैंड की करें तो एपल और मिस्ट्रल ने फिलहाल इस पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है। जबकि पेरप्लेक्सिटी ने किसी भी संभावित मर्जर की बात से इनकार किया है। ऐसे में अब सभी की निगाहें एपल की अगली बड़ी रणनीति पर टिकी हैं, जो उसेएआई रेस में टॉप पर पहुंचा सकती है।
नेपाल में हंगामा, PM के खिलाफ छात्रों का प्रदर्शन
टी20 क्रिकेट के नए किंग? अभिषेक शर्मा ने बाबर आजम और वॉर्नर को पछाड़कर बनाया यह रिकॉर्ड।
मैदान पर पर्पल कैप की रेस, होटल में विवाद? रबाडा के वायरल क्लिप से मची खलबली।
सबरीमाला सुनवाई में बड़ा सवाल, क्या स्पर्श से अपवित्र होते हैं देवता?
राजधानी में सियासी हलचल तेज, BJP आज कर सकती है बड़े ऐलान
शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह ने थपथपाई विभाग की पीठ; नवाचार और टीमवर्क को बताया सफलता का मंत्र।
मंदिर चढ़ावे में घोटाला? चांदी में सिर्फ 5% असली, बाकी मिलावटी
मतदान से पहले चुनावी प्रचार का शोर खत्म, नेताओं ने झोंकी पूरी ताकत